जानिए, कपास की फसल में पोषक तत्व प्रबंधन कब करें?

👉🏻प्रिय कपास उत्पादक किसान भाई, हमारे देश में कपास की कम पैदावार का एक मुख्य कारण मिट्टी की उर्वरता का कम होना है। जहां पर उचित मात्रा में उर्वरकों का प्रयोग किया गया है, वहां काफी अच्छी पैदावार देखी गयी है। आइये जानते हैं की कपास की फसल में कब और कितनी मात्रा में पोषक तत्व प्रबंधन करें:-

कपास की बुवाई के 15-20 दिन बाद:- यूरिया 40 किलोग्राम + डीएपी 50 किलोग्राम + ज़िंक सल्फेट (ग्रोमोर) 5 किलोग्राम + सल्फर 90% डब्ल्यूजी (ग्रोमोर) 5 किलोग्राम प्रति एकड़ मिट्टी के माध्यम से दें।

बुवाई के 25-30  दिन बाद:- NPK 19:19:19 @1 किलोग्राम + नोवामैक्स (जिब्रेलिक एसिड 0.001% एल) @ 300 मिलीलीटर @ 150 लीटर पानी में मिलाकर प्रति एकड़ छिड़काव करें। 

बुवाई के 40-45 दिन बाद:- यूरिया @ 30 किलोग्राम + एमओपी @ 30 किलोग्राम + मैग्नीशियम सल्फेट @10 किलोग्राम प्रति एकड़ मिट्टी के माध्यम से दें।

बुवाई के 60-70 दिन बाद:- फूलों की संख्या बढ़ाने के लिए NPK 00:52:34 @ 1 किलोग्राम + प्रो-एमिनोमैक्स (अमीनो एसिड) @ 250 मिली, प्रति एकड़ 150 लीटर पानी में मिलाकर छिड़काव करें। 

बुवाई के 80-110 दिन बाद:- डोडे के विकास एवं बेहतर गुणवत्ता के लिए NPK 00:00:50 @ 1 किलोग्राम प्रति एकड़ 200 लीटर पानी में मिलाकर छिड़काव करें।

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सोयाबीन की उन्नत किस्में एवं उनकी विशेषताएं

👉🏻किसान भाइयों सोयाबीन, खरीफ की प्रमुख फसलों में से एक है, इसकी बुवाई के लिए उन्नत किस्मों का चयन कर किसान भाई उच्च उपज प्राप्त कर सकते है। आइये जानते हैं सोयाबीन की वर्ष 2021 के दौरान अधिसूचित उन्नत किस्मों के बारे में –

मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र के लिए उन्नतशील किस्में 

एमएसीएस (1520):- इस किस्म की फसल अवधि लगभग 100 दिनों की होती है। फूल बैंगनी के होते है। चारकोल रॉट, पीला मोज़ेक वायरस, अल्टरनेरिया ब्लाइट एवं अल्टरनेरिया लीफ स्पॉट के लिए प्रतिरोधक है। तना मक्खी, बिन बग, स्टिंक बग, चक्र भृंग, फली छेदक कीट के लिए अत्यधिक प्रतिरोधक क्षमता है।   

एनआरसी -130:- फसल अवधि लगभग 90 दिन की होती है। सीमित वृद्धि, रोये रहित चिकनी फलिया, पीला नाभिका, चारकोल रॉट, लिफ़ स्पॉट, एवं पॉड ब्लाइट के प्रति प्रतिरोधी किस्म है। 

आरएससी – 10-46:- फसल अवधि लगभग 100 दिन की होती है। सीमित वृद्धि, बैंगनी फूल, काली नाभिका, पीला मोज़ेक वायरस, चारकोल रॉट, ब्लाइट के साथ तना बेधक पर्णभक्षी कीटों के प्रति प्रतिरोधकता है। 

आरएससी – 10-52:- फसल अवधि लगभग 100 दिन की होती है, बैंगनी फूल, काली नाभी, बड ब्लाइट, बैक्टीरियल पश्चुल, टारगेट लिफ़ स्पॉट ,चारकोल रॉट, एवं तना छेदक के प्रति प्रतिरोधकता है।

एएमएसएमबी – 5-18:- फसल अवधि लगभग 100 दिन की होती है, बैंगनी फूल, भूरी नाभी।चारकोल रॉट के लिए प्रतिरोधी, पीला मोज़ेक वायरस,बैक्टीरियल ब्लाइट, रायजोक्टोनिआ ब्लाइट, एवं अल्टरनेरिया लिफ स्पॉट के लिए मध्यम प्रतिरोधी किस्म है। 

 एनआरसी – 128:- फसल अवधि लगभग 100 दिन की होती है, अर्ध-सिमित, नुकीला अंडाकार पत्तियां, बैंगनी फूल, जलभराव के लिए सहनशील किस्म, चारकोल रॉट के लिए मध्यम प्रतिरोधक किस्म है।

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मूसलाधार बारिश की संभावना, देखें संपूर्ण देश का मौसम पूर्वानुमान

know the weather forecast,

मानसून अब जल्द ही महाराष्ट्र के कई भागों सहित तेलंगाना आंध्र प्रदेश उड़ीसा पश्चिम बंगाल बिहार और झारखंड में आगे बढ़ेगा। दक्षिणी मध्य प्रदेश में भी मानसून पहुंचने की परिस्थितियां अनुकूल होने लगी है। दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, पश्चिमी उत्तर प्रदेश तथा उत्तरी राजस्थान में बारिश शुरू हो सकती है। देश के विभिन्न भागों में चल रही हिट बेव समाप्त हो जाएगी।

स्रोत: स्काइमेट वेदर

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देश के विभिन्न मंडियों में 14 जून को क्या रहे फलों और फसलों के भाव?

Todays Mandi Rates

मंडी

फसल

न्यूनतम मूल्य (किलोग्राम में)

अधिकतम मूल्य (किलोग्राम में)

शाजापुर

प्याज़

4

5

शाजापुर

प्याज़

5

6

शाजापुर

प्याज़

11

13

रतलाम

प्याज़

3

4

रतलाम

प्याज़

5

7

रतलाम

प्याज़

8

10

रतलाम

प्याज़

11

15

रतलाम

लहसुन

4

8

रतलाम

लहसुन

9

20

रतलाम

लहसुन

21

32

रतलाम

लहसुन

33

38

विजयवाड़ा

करेला

60

विजयवाड़ा

भिन्डी

45

विजयवाड़ा

बैंगन

45

विजयवाड़ा

आलू

32

विजयवाड़ा

अदरक

60

विजयवाड़ा

पत्ता गोभी

50

विजयवाड़ा

गाजर

55

विजयवाड़ा

खीरा

40

विजयवाड़ा

शिमला मिर्च

75

विजयवाड़ा

टमाटर

45

विजयवाड़ा

हरी मिर्च

45

आगरा

शिमला मिर्च

50

आगरा

फूलगोभी

20

आगरा

प्याज़

15

आगरा

आलू

22

आगरा

हरी मिर्च

40

आगरा

अदरक

35

आगरा

पत्ता गोभी

20

आगरा

गाजर

18

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अब घर बैठे पाएं सम्मान निधि की अगली किस्त, जानें ये बड़ा अपडेट

देश की लगभग 60% आबादी कृषि व्यवसाय पर निर्भर है। इन किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए केंद्र सरकार कई योजनाएं चला रही हैं। इनमें से एक ‘पीएम किसान सम्मान निधि योजना’ है। इस योजना के माध्यम से किसानों के खाते में सलाना 6 हजार रूपए किस्तों के रूप में भेजे जाते हैं।

प्रति वर्ष हर चार माह के अंतराल में 2-2 हजार रूपए की तीन किस्तें किसानों के खाते में भेजी जाती हैं। आंकड़ों के अनुसार देश के लगभग 10 करोड़ किसान परिवार इस योजना का लाभ उठा रहे हैं। अब इस योजना में एक और नया अपडेट आ गया है। जिसकी मदद से आप अपने घर बैठे पीएम किसान सम्मान निधि की राशि प्राप्त कर सकेंगे।

दरअसल इस योजना के अंतर्गत डाकघर विभाग ने एक खास अभियान ‘बैंक आपके द्वार’ शुरू किया है। इसके माध्यम से किसान भाई इनबेल्ड पेमेंट सिस्टम की मदद से यह राशि घर बैठे ही प्राप्त कर सकेंगे। इसके साथ ही सरकार ने इस योजना का लाभ उठाने के लिए ई-केवाईसी को अनिवार्य कर दिया है। जिसकी अंतिम तारीख 31 मई से बढ़ाकर 31 जुलाई कर दी है। हालांकि डेडलाइन से पहले ई-केवाईसी न करवाने पर किसान भाई अगली किस्त से वंचित रह सकते हैं।

ई-केवाईसी कराने की प्रक्रिया

ई-केवाईसी के लिए पीएम किसान योजना की वेबसाइट pmkisan.gov.in पर जाएं। यहां दाईं तरफ फार्मर कॉर्नर के नीचे ई-केवाईसी टैब पर क्लिक करें। इसके बाद एक नया पेज ऑपन होगा, यहां आधार नंबर डालकर सर्च टैब पर क्लिक करें। अब आपके आधार में रजिस्टर्ड मोबाईल नंबर पर ओटीपी आएगा, इसे आधार रजिस्टर्ड मोबाइल ओटीपी पर सब्मिट कर दें। इस तरह ई-केवाईसी की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।

स्रोत: आज तक

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मध्यप्रदेश मंडियों में जानें क्या रहे चने के भाव?

मध्य प्रदेश के अलग अलग मंडियों जैसे खरगोन, धार, उज्जैन, मंदसौर, इन्दौर और विदिशा आदि में क्या चल रहे हैं चने के भाव? आइये देखते हैं पूरी सूची।

क्रमांक

जिला

मंड़ी

न्यूनतम मूल्य (प्रति क्विंटल)

अधिकतम मूल्य (प्रति क्विंटल)

1

इन्दौर

महू (अंबेडकर नगर)

4053

4281

2

खरगोन

खरगोन

3800

4440

3

खरगोन

सनावद

4050

4405

4

झाबुआ

झाबुआ

4200

4200

5

धार

बदनावर

3305

4700

6

धार

मनावर

8200

9200

7

उज्जैन

खाचरौद

4001

4001

8

उज्जैन

महिदपुर

3825

4100

9

देवास

देवास

3800

5000

10

मंदसौर

पिपलिया

3800

4371

11

अशेाकनगर

अशोकनगर

4020

4336

12

दतिया

सेवढ़ा

4090

4375

13

श्योपुर

श्‍योपुरबड़ौद

4152

4156

14

विदिशा

लटेरी

3500

4540

15

हरदा

खिरकिया

3800

4331

16

हरदा

टिमरनी

3851

4300

17

हरदा

सिराली

3900

4200

स्रोत: मध्यप्रदेश राज्य कृषि विपणन बोर्ड

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मध्यप्रदेश मंडियों में 14 जून को क्या रहे प्याज़ के भाव?

Onion Mandi Bhaw

आज मध्य प्रदेश के अलग अलग मंडियों जैसे हरदा, रतलाम, इंदौर, देवास, मन्दसौर और धार आदि में क्या चल रहे हैं प्याज़ के भाव? आइये देखते हैं पूरी सूची।

क्रमांक

जिला

मंड़ी

न्यूनतम मूल्य (प्रति क्विंटल)

अधिकतम मूल्य (प्रति क्विंटल)

1

देवास

देवास

300

800

2

धार

धामनोद

600

1,100

3

इंदौर

गौतमपुरा

300

1,000

4

हरदा

हरदा

600

700

5

इंदौर

इंदौर

200

1,500

6

होशंगाबाद

इटारसी

700

1200

7

जबलपुर

जबलपुर

700

1,100

8

खरगोन

खरगोन

500

1,500

9

धार

कुक्षी

500

900

10

धार

मनावर

700

900

11

मन्दसौर

मन्दसौर

168

1,299

12

मुरैना

सबलगढ़

1000

1,000

13

रतलाम

सैलान

111

1,350

14

इंदौर

सांवेर

500

900

15

शाजापुर

शुजालपुर

400

1,475

16

झाबुआ

थांदला

900

1,000

स्रोत: एगमार्कनेट

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सिर्फ 5 साल में नीलगिरी की खेती से करोड़पति बनेंगे किसान

अगर आप कम समय में लाखों रूपए कमाने की सोच रहे हैं, तो नीलगिरी की खेती करना सबसे अच्छा विकल्प है। नीलगिरी का पेड़ मात्र 5 साल में पूरी तरह विकसित हो जाता है। इसकी लकड़ियां भी बहुत मजबूत मानी जाती हैं। जिनका इस्तेमाल हर तरह के फर्नीचर, पेटियां, हार्ड बोर्ड और पार्टिकल बोर्ड इत्यादि बनाने में किया जाता है।

नीलगिरी की खासियत यह है कि इसकी देखभाल दूसरी फसलों के मुकाबले कम करनी पड़ती है। इसके साथ ही इसकी खेती पूरे भारत में कहीं भी और किसी भी मौसम में की जा सकती है। वहीं अगर यूकेलिप्ट्स यानी नीलगिरी की खेती सही ढंग से की जाए तो काफी कम समय और मेहनत के साथ लाखों-करोड़ों की कमाई की जा सकती है।

विशेषज्ञों की मानें तो एक हेक्टेयर भूमि में 3 हजार पौधे लगाए जा सकते हैं। जिसके लिए ज्यादा से ज्यादा 30 हजार रूपए की लागत लगानी पड़ेगी। कम लागत के साथ पौधों के विकसित होते ही लाखों की कमाई की जा सकती है। 

नीलगिरी के एक पेड़ से लगभग 400 किलो लकड़ी प्राप्त होती है। जो बाजार में 6 से 7 रूपए किलो के हिसाब बिकती है। ऐसे में सभी पेड़ों की लकड़ियों को बेचकर आसानी से लगभग 70 से 75 लाख रूपए तक की कमाई कर सकते हैं।

स्रोत: आज तक

कृषि क्षेत्र की महत्वपूर्ण जानकारियों के लिए रोजाना पढ़ते रहें ग्रामोफ़ोन के लेख। आज की जानकारी पसंद आई हो तो लाइक और शेयर करना ना भूलें।

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मध्य प्रदेश की मंडियों में गेहूँ भाव में दिखी कितनी तेजी?

wheat rates increasing

आज मध्य प्रदेश के अलग अलग मंडियों जैसे मन्दसौर, विदिशा, शाजापुर, राजगढ़ और पन्ना आदि में क्या चल रहे हैं गेहूँ के भाव? आइये देखते हैं पूरी सूची।

क्रमांक

जिला

मंड़ी

न्यूनतम मूल्य (प्रति क्विंटल)

अधिकतम मूल्य (प्रति क्विंटल)

1

शाजापुर

बेराछा

2,030

2,030

2

श्योपुर

श्योपुरबडोद

1,961

2,029

3

विदिशा

लटेरी

2,000

2,210

4

मन्दसौर

भानपुरा

1,900

1,973

5

शाजापुर

सुसनेर

1,890

1,940

6

राजगढ़

पचोर

1,750

2,060

7

बेतुल

भैंसदेही

1,905

1,910

8

राजगढ़

सुठालिया

1,811

1,929

9

पन्ना

पन्ना

1,970

2,020

10

मुरैना

जोरा

2,020

2,030

11

दमोह

पथरिया

1,816

1,962

स्रोत: राष्ट्रीय कृषि बाजार

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जून के दूसरे पखवाड़े में किए जाने वाले प्रमुख कृषि कार्य

खरीफ फसलों  के लिए भूमि की तैयारी एवं किस्मों का चुनाव –

  • इस सप्ताह खेत की अच्छे से जुताई करके खेत को समतल कर लें और अपने क्षेत्र के अनुसार किस्मों का चुनाव करें। 

  •  धान की फसल की नर्सरी को मुख्य खेत में रोपाई कर सकते हैं ,जो किसान भाई सीधे  बीज बुआई करना चाहते हैं, वे जून के अंत तक कम अवधि की किस्मों का चुनाव कर सकते हैं।

  •  कद्दू वर्गीय फसलों में रस चूसक कीट एवं फफूंद जनित रोगों से सुरक्षा के लिए आवश्यक छिड़काव करें। 

  •  मिर्च की नर्सरी को किसान भाई इस सप्ताह  मुख्य खेत में रोपाई कर  सकते हैं। 

  • किसान भाई खेत में अच्छे से सड़ी हुई गोबर की खाद या वर्मी कम्पोस्ट खेत में समान रूप से विखेर दें, जिससे यह समय से डिकम्पोज़ हो सके।

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